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    मोबाइल रिपेयरिंग :- मोबाइल में IC कितने प्रकार के होते है।






    RAM IC - Random Access Memory


    RAM IC लोड प्रोग्राम को याद रखने का काम करता है। जैसे Contact, call Resistor, Massage इत्यादी को लोड करना।

    FLASH IC


    इस IC का काम है मोबाइल मै लोड होने वाले प्रोग्राम को पहचानना जिसे हम रेकगनाइज कहते है। क्योकी मोबाइल मे लोड होने वाले प्रोग्राम FLASH IC द्वारा पहचाने जाते है। FLASH IC को काम करने के लिए पावर IC से सप्लाई आता है।

    HAGAR IC - IF IC - नेटवर्क जनरेटर IC





    यह IC मोबाइल मे नेटवर्क लाने मै मदत करती है। इसलिए इसे नेटवर्क जनरेटर IC कहते है। इसे काम करने के लिए पावर IC से ही सप्लाई आता है। और Antina से RF सिग्नल तथा कोबा IC से AF सिग्नल आता है। दोनो को मिलाकर IF सिग्नल बनाया जाता है। ये कमजोर नेटवर्क होता है। उसे मजबूत कारने के लिए PFO IC को दिया जाता है।

    PFO IC - ( particular frequency oscillator )


    इस IC का काम कमजोर नेटवर्क सिग्नल को मजबूत करना है इसलिए इसे नेटवर्क एम्पली फायर IC कहते है। इस IC को काम करने के लिये बैटरी के +ve से डायरेक्ट सप्लाई आता है। और HAGAR IC से नेटवर्क सिग्नल कमजोर आता है जिसे PFO IC मजबूत करता है। PFO IC शोर्ट हो जाये तो मोबाइल बंद हो जाता है क्योकी PFO IC शोर्ट होने पर बैटरी की सप्लाई Zero हो जाती है और पावर IC की भी सप्लाई Zero हो जाती है।

    लॉजिक IC - ( User Interphase IC )


    लॉजिक IC वायब्रेटर रिंगर तथा LED को ऑपरेट करती है। इस IC को काम करने के लिये बैटरी के +ve से डायरेक्ट सप्लाई आता है। इस IC मे 20 पिन है जिसमे से कोबा IC Pin no. 1 को बैटरी के +ve से डायरेक्ट सप्लाई आता है।
    Pin No. 6 रिंगर को जाता है।
    Pin No. 9 डिसप्ले LED को जाता है।
    Pin No. 16 वायब्रेटर को जाता है।




    COBBA (कोबा) IC ( Common Base Band Analog )


    स्पीकर, माइक तथा handsfree को चलाने का काम कोबा IC करती है। कोबा IC को काम करने के लिये पावर IC की मदत की जरुरत होती है। क्योकी पावर IC से ही सप्लाई आता है। कोबा IC की खराबी से मोबाइल मे स्पीकर, माइक तथा handsfree की समस्या होती है।

    चार्जिंग IC


    मोबाइल मे लगी बैटरी को चार्ज करना चार्जिंग IC का काम है। पहले चार्जिंग IC को Fuse और Coil द्वारा 7.2 v Dc चार्जर से दिया जाता है। तब चार्जिंग IC से 3.2 v Dc निकलता है जो बैटरी कनेक्टर को जाता है जिसकी मदत से बैटरी चार्ज होती है। सभी चार्जिंग IC से 3.2 v Dc ही निकले जरुरी नही यह Voltage कम भी हो सकता है।

    पावर IC 


    पावर IC का काम है मोबाइल के प्रत्येक विभाग को सप्लाई देना। पावर IC से सिम कार्ड भी जुडा होता है। सिम की सूचना पावर IC को ही दी जाती है। अर्थात किसी मोबाइल में यदि Insert Sim का Fault है तो इसका कारण सिम IC भी हो सकती है।



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